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जिंक ने किया करोड़ो रूपयों का भूमि घोटाला जिंक ने किया करोड़ो रूपयों का भूमि घोटाला   देश की सुरक्षा की दृष्टी से बनी कंपनी मेटल मेटल कॉरपोरेशन ऑफ  इण्डिया (हिदुस्तान जिंक) के विनिवेश के मामले में सीबीआई कार्यालय जोधप... Read more
सरकारी खजाने पर डाका, विधवा एक पेंशन दो सरकारी खजाने पर डाका, विधवा एक पेंशन दो   चित्तौडग़ढ़। राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी पेंशन योजनाओं में जरूरतमंदों को लाभ मिल रहा है या नहीं यह कहना तो मुश्किल है, लेकिन इतना जरूर ... Read more
मुस्लिम राष्ट्रीय मंच मुस्लिम राष्ट्रीय मंच मुस्लिम राष्ट्रीय मंच के राष्ट्रीय संगठन संयोजक गुजरात में ज़मीनी स्तर पर ठोस कार्य करते हुए, साथ में सहसंयोजक श्री गनी कुरैशी जी भी है। Read more
 ब्रिक सम्मेलन में चीन के सामनें मनमोहन सिंह के मौन के मायनें? ब्रिक सम्मेलन में चीन के सामनें मनमोहन सिंह के मौन के मायनें?     मनमोहन सिंह क्यों मौन रहे चीन के सामनें?   पिछले दिनों हमारें प्रधान मंत्री मनमोहन सिंह ने डरबन में ब्रिक्स शिखर... Read more
सलमान खुर्शीद किस देश के विदेश मंत्री हैं सलमान खुर्शीद किस देश के विदेश मंत्री हैं  लद्दाख में चीन की जन मुक्ति सेना की घुसपैठ और भारतीय क्षेत्र के बीस किलोमीटर ( पहले सूचना यह थी कि दस किलोमीटर के अन्दर) अन्दर आकर अपनी चौकिय... Read more
अनिल गोयल की ‘माँ: भाव यात्रा’ प्रदर्षनी अनिल गोयल की ‘माँ: भाव यात्रा’ प्रदर्षनी   4 से 7 अप्रैल तक उज्जैन की कालिदास वीथिका में उज्जैनवासी देख सकेंगे माता-पिता, बुज़ुर्गों पर केन्द्रित मार्मिक कविता पोस्टर प्... Read more
एक संविधान, फिर दो विधान क्यों? एक संविधान, फिर दो विधान क्यों? भारतीय संविधान का अनुच्छेद 14 चीख चीख कर कहता है कि भारत में सभी लोगों को कानून के समझ समान समझा जायेगा और सभी लोगों को कानून का समान संरक्षण प्राप... Read more
 नमो को हिटलर कहनें वाले पहले आपातकाल का स्मरण करें नमो को हिटलर कहनें वाले पहले आपातकाल का स्मरण करें   वर्तमान में चल रहे लोकसभा चुनाव पिछले सभी आम चुनावों से कई दृष्टियों से भिन्न भी हैं Read more
अल्पसंख्यक आयोग द्वारा ओडीशा में साम्प्रदायिक तनाव पैदा करने की साज़िश भारत सरकार का एक अल्पसंख्यक आयोग है । भारत सरकार का मानना है कि इस देश में अल्पसंख्यक सदा ख़तरे से घिरे रहते हैं । इस देश के लोग अल्पसंख्यकों को नष... Read more
जम्मू कश्मीर की अनकही कहा जम्मू कश्मीर की अनकही कहा जून और जुलाई का महीना भारत के राष्ट्रवादी आन्दोलन के इतिहास में महत्वपूर्ण स्थान रखता है । २३ जून १९५३ को डा० श्यामा प्रसाद मुखर्जी का श्रीनगर की ज... Read more
 रमज़ान सन्देश से लेकर कुत्ते के बच्चे के बीच भटकती सोनिया कांग्रेस रमज़ान सन्देश से लेकर कुत्ते के बच्चे के बीच भटकती सोनिया कांग्रेस रमज़ान का पवित्र महीना शुरु हो गया है । यह महीना हिजरी सम्वत का नौवाँ मास है और ईस्वी सम्वत के हिसाब से नौ जुलाई को शुरु हुआ है । इस महीने में मुसल... Read more
भारतीय भाषाओं का मोर्चा:गूँगे राष्ट्र को बोलने हेतु प्रेरित करने की लड़ाई अन्ततः दिल्ली पुलिस ने श्याम रुद्र पाठक को आपराधिक प्रक्रिया संहिता की धारा १०५ और १०७ के अन्तर्गत गिरफ़्तार कर ही लिया । पाठक पिछले २२५ दिनों से स... Read more
खुली आंखों में सपने रातें बीयर बार के हवाले खुली आंखों में सपने रातें बीयर बार के हवाले मुंबई। आठ वर्षों से रोजी रोटी के संकट से झुझ रही बार बालाओं के 'डांस बारÓ को लेकर उच्चन्यायालय के फैसले ने बार बालाओं की चमक लौटा दी ... Read more
पिता के बाद पुत्र का कारनामा पिता के बाद पुत्र का कारनामा पीडि़त महिला फरियाद लेकर पहुंची पुलिस की शरण में इंदौर। आसाराम के बाद अब उनका लड़का नारायण सांई के खिलाफ भी एक परिवाद पेश किया जा रहा है। यह पर... Read more
औंकारेश्वर में बाबा बनाम डकैत-४ औंकारेश्वर में बाबा बनाम डकैत-४ जिसने सहयोग किया उसी की पीठ पर छूरा घोपा संजय ने नकली बाबा के कारनामों से लोगों में भारी रोष औंकारेश्वर। मां नर्मदा बने एक आश्रम में बने चौ... Read more
आष्टा,सिहोर,गुना के लीडरों से कड़ी पूछताछ जरुरी आष्टा,सिहोर,गुना के लीडरों से कड़ी पूछताछ जरुरी राधेश्याम सोलंकी,भरत ठाकुर, जयंत जोशी,अशोक पाटीदार,हेमंत चतुर्वेदी,मनीष जैन कर रहे हैं एसटीएफ को  गुमराह भोपाल। ईवमिरेकल ज्वेलर्स कंपनी... Read more
क्विंटलों व किलो से सोना है आडवाणी व आर.के.धवन के पास  क्विंटलों व किलो से सोना है आडवाणी व आर.के.धवन के पास जगदीश जोशी 'प्रचंड  ' नई दिल्ली। काला धन स्वीस बैंक में जमा होने व नेताओं को घेरने की बात पर आंदोलन खड़ा कर 'आप ' के सर्वेसर... Read more
दो लाख करोड़ का खनन घोटाला दो लाख करोड़ का खनन घोटाला देवास जिले में रेत माफिया का राज भोपाल। शिवराज के राज में माइनिंग माफिया ने बेल्लारी की लूट के रिकार्ड भी तोड़ दिए हैं। बीते 10 साल में मप्र... Read more
कांग्रेस गुटबाजी में तो भाजपा मंत्री विधायकों के आचरण और भ्रष्टाचार को लेकर कठघरे में कांग्रेस गुटबाजी में तो भाजपा मंत्री विधायकों के आचरण और भ्रष्टाचार को लेकर कठघरे में भोपाल। इस बार के चुनाव में मध्यप्रदेश पर कांग्रेस आलाकमान की विशेष निगाह है Read more
मध्यप्रदेश शासन द्वारा वरिष्ठ पत्रकारों को श्रद्धनिधि देने का कार्यक्रम इंदौर प्रेस क्लब में संपन्न हुआ। मध्यप्रदेश शासन द्वारा वरिष्ठ पत्रकारों को श्रद्धनिधि देने का कार्यक्रम इंदौर प्रेस क्लब में संपन्न हुआ। मध्यप्रदेश शासन द्वारा वरिष्ठ पत्रकारों को श्रद्धनिधि देने का कार्यक्रम इंदौर प्रेस क्लब में संपन्न हुआ। Read more
जिंदा इंसान को बनाया मुर्दा जिंदा इंसान को बनाया मुर्दा   पीडि़त सुरतानसिंह राजेस पयासी (वकील) यदि ऐसा मा... Read more
औंकारेश्वर में बाबा बनाम डकैत -2 औंकारेश्वर में बाबा बनाम डकैत -2 करोड़ों की जमीन से आया रुपया ब्याजखोरी में लगाया औंकारेश्वर। लाखों रुपया एठने वाले औंकारेश्वर के कथित Read more
देवास में की गई शिकायत से खुल सकता है लीडरों का मायाजाल देवास में की गई शिकायत से खुल सकता है लीडरों का मायाजाल ठगौरों का महानगर बनते जा रहे इंदौर में प्रशासन कोई खास कार्यवाही नहीं कर पाया अलबत्ता Read more
देवास,सिहोर पुलिस कप्तान की नजरों से ओझल दगाबाज लीडर देवास,सिहोर पुलिस कप्तान की नजरों से ओझल दगाबाज लीडर आखिर यह भरत ठाकुर,बाबूलाल जयंत,मनीष कौन है? राधेश्याम सोलंकी,         Read more
मेडम मोहिनी की माया... मेडम मोहिनी की माया... मेडम मोहिनी की माया... उत्कृष्ट को सजा और... निकृष्ट को  आशीर्वाद की छाया   -सेवानिवृत को भी बना  दिया संकुल प्रभारी  ... Read more
हिन्दूस्तान समाजवादी प्रजातंत्र सेना के पत्र से सनसनी हिन्दूस्तान समाजवादी प्रजातंत्र सेना के पत्र से सनसनी अमिताभ,मुलायमसिंह और सोनिया के पास है क़्वींटल सोना! आप पार्टी के सर्वे सर्वा अरविन्द केजरीवाल व योग गुरु बाबा रामदेव पर अपनी-अपनी दुकान चमकाने... Read more
सुविधाएं बेजार, यात्री लाचार सुविधाएं बेजार, यात्री लाचार निर्धारित किराए से अधिक वसूली होती है निजी बसों में (रतलाम कार्यालय) रतलाम । एक दशक पहले प्रदेश में सड़क परिवहन निगम की बसें बंद होने के बाद ... Read more
सोने की चाह लगाने वालो नई लगाया चुना सोने की चाह लगाने वालो नई लगाया चुना राधेश्याम सोलंकी, भरत, जयंत जोशी  मनीष जैन एसटीएफ के निशाने पर..   जगदीश जोशी 'प्रचंड ' भोपाल। आम आदमी को फटाफट अम... Read more
मेंडम नें मंगाई रिश्वत मेंडम नें मंगाई रिश्वत मेंडम नें मंगाई रिश्वत युवक से अनुकंपा नियुक्ति के नाम पर ले रहा था पांच हजार की रिश्वत, आदिवासी विकास विभाग की सहायक आयुक्त भी संदेह के घेरे ... Read more
कांग्रेस बेलगाम, दर्जनों दावेदार कांग्रेस बेलगाम, दर्जनों दावेदार  कांग्रेस बेलगाम, दर्जनों दावेदार बड़े नेताओं का अभाव दूसरा पंक्ति में नेताओं की कतार रतलाम से अनिल पांचाल विधानसभा चुनाव सिर पर है... Read more
पुँछ में पाकिस्तानी हमला और रक्षामंत्री का आचरण पुँछ में पाकिस्तानी हमला और रक्षामंत्री का आचरण जम्मू कश्मीर में पुँछ सेक्टर में पाकिस्तानी सैनिकों ने पांच और छह अगस्त की मध्य रात्रि को नियंत्रण रेखा के भीतर गश्त लगा रही भारतीय सैनिक टुकड़ी पर... Read more
कांग्रेस और भाजपा में नम्बर वन की तलाश कांग्रेस और भाजपा में नम्बर वन की तलाश रतलाम से अनिल कुमार रतलाम। हाल ही में जनता को लम्बे समय के बाद दर्शन देकर लौटे प्रदेश के मुख्यमंत्री ने लगभग शहर विधानसभा क्षेत्र में चुनावी बि... Read more
आहत जनता का आक्रोश भी अब जरूरी आहत जनता का आक्रोश भी अब जरूरी 67 वां स्वाधीनता दिवस स्वतंत्रता दिवस की क्रमवार गिनती में एक और वर्ष का इजाफा,सबकुछ भुलकर जश्न मनाने का एक और भारतीय दिन...लेकिन क्या सही म... Read more
तिब्बत के भीतर आजादी का आंदोलन तिब्बत के भीतर आजादी का आंदोलन तिब्बत के भीतर आजादी का आंदोलन कभी समाप्त नहीं हुआ। कभी प्रत्यक्ष और कभी प्रच्छन्न उसकी तपश बीजिंग तक पहुंचती ही रही। 2009 में स्वतंत्रता के लिए सं... Read more
तिब्बत की आजादी में भारत की सुरक्षा तिब्बत की आजादी में भारत की सुरक्षा नई दिल्ली। भारत तिब्बत सहयोग मंच की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक नई दिल्ली स्थित दीन दयाल शोंध संस्थान में आयोजित हुई जिसमें 19 प्रांतों क... Read more
तिब्बतःएक अवलोकन तिब्बतःएक अवलोकन क्षेत्रफल : २५ लाख वर्ग कि० मी० जो वर्तमान चीन के कुल क्षेत्रफल का २६.०४ प्रतिशत हैं। राजधानी : ल्हासा जनसंख्या : ६० ला... Read more
आरएसएस को राम मंदिर बनाने का अधिकार नहीं आरएसएस को राम मंदिर बनाने का अधिकार नहीं    'आरएसएस को राम मंदिर बनाने का अधिकार नहीं' भोपाल। आरएसएस अथवा किसी ऐसे दलको अयोध्या में भगवान राम का... Read more
चुनाव पूर्व गोविंदाचार्य खेल सकते है नया दांव चुनाव पूर्व गोविंदाचार्य खेल सकते है नया दांव नई दिल्ली । आगामी लोकसभा चुनाव में सत्त्ता सुख भोगने का सपना सजाए बैठी भाजपा की राह में रोडे अटकाने वालों की कमी नहीं है। भाजपा का अंतरकलह पार... Read more
पत्रकारिता से मीडिया तक वरिष्ठ पत्रकार मनोज कुमार की नई किताब पत्रकारिता से मीडिया तक वरिष्ठ पत्रकार मनोज कुमार की नई किताब वर्तमान में पत्रकारिता हाशिये पर है और मीडिया शब्द चलन में है.पत्रकारिता के गूढ़ अर्थ और मीडिया की व्यापकता को रेखांकित करता मध्यप्रदेश क... Read more
राम की मर्यादा कृष्ण का कर्म और कुसुम की खुशबु है मंत्री कुसमरिया में राम की मर्यादा कृष्ण का कर्म और कुसुम की खुशबु है मंत्री कुसमरिया में देखने, सुनने और बतियाने के बाद किसी भी एंगल से वे राजनेता नहीं लगते। कपाल पर बड़ा सा सिंदूरी टीका, सिर और दाड़ी के रंगे हुए सुनहरी काले गहरे ब... Read more
कॉलोनाइजर पर 1.13 करोड़ का जुर्माना कॉलोनाइजर पर 1.13 करोड़ का जुर्माना धार :बगैरअनुमति कालोनी विकास करने वालों कालोनाईजरों पर राज्य सरकार और जिला प्रशासन की गाज लगातार गिर रही है। इसी कड़ी में धार शहर में बगैर विक... Read more
जब आस्था में लगे सेक्स व हुस्न के तड़के! जब आस्था में लगे सेक्स व हुस्न के तड़के! नई दिल्ली: धर्म की आड़ में लोगों को धोखा देना आज के समय में काफी आसान है, क्योंकि हम देशवासी दिमाग से नहीं बल्कि दिल से धर्म को जोड़कर रखते है... Read more
ये कांग्रेस के कुंभकर्ण है ये कांग्रेस के कुंभकर्ण है   इंदौर।मध्यप्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष कांतिलाल भूरिया प्रदेष कांग्रेस में जान फंकने में लगे है लेकिन प्रदेष के कई पदाधिकारियों... Read more
अब भी सुलग रहा है भोजशाला मसला अब भी सुलग रहा है भोजशाला मसला अब भी सुलग रहा है भोजशाला मसलाएत पंचमी के दिन धार जिले की भोजशाला में हंगामे और उपद्रव के बीच पूजा के साथ नमाज अता फरमाने की रस्म पूरी हो जाने पर म... Read more
बोले तो आसाराम बोले तो आसाराम 90 के दशक में धर्मप्रेमी जनता के लिए आशा की किरण बन कर उभरे आसाराम बापू एक दशक बाद ही बदनामी के दाग अपनी आभा पर लगवा चुके हैं। आश्रम में बच्चो... Read more
बेटियों की 'देह' पर जिंदा समाज बेटियों की 'देह' पर जिंदा समाज मंदसौर।(धर्मवीर रत्नावत) जिस तरह देश में मंदसौर अफीम उत्पादन, तस्करी के लिए मशहूर है, उसी तरह नीमच, मंदसौर, रतलाम के कुछ खास इलाके भी बाछ... Read more

रमज़ान का पवित्र महीना शुरु हो गया है । यह महीना हिजरी सम्वत का नौवाँ मास है और ईस्वी सम्वत के हिसाब से नौ जुलाई को शुरु हुआ है । इस महीने में मुसलमान उपवास रखते हैं और जीवन में बुराइयों को त्यागने का प्रयास करते हैं । मुसलमानों के अतिरिक्त शिया समाज भी इस महीने में उपवास करता है । उनका विधि विधान कुछ अलग हो सकता है , लेकिन बुराइयों को त्यागने का संकल्प उतना ही प्रबल होता है । यद्यपि अहमदिया सम्प्रदाय को इस्लामी पाकिस्तान मुसलमान नहीं मानता , लेकिन इसके बाबजूद वे भी रमज़ान में उपवास की परम्परा का निर्वाह करते ही हैं ।

 

दरअसल भारत में इन सभी सम्प्रदायों को मानने वाले लोग भारतीय सम्प्रदायों से ही मतान्तरित होकर इन नये सम्प्रदायों में गये हैं । अत: इन मतान्तरित लोगों ने कुछ पुरानी परम्पराएँ भी सहेजे रखीं और कुछ नई परम्पराएँ भी अख़्तियार कर लीं । उपवास भारत की प्राचीन परम्परा का हिस्सा है । लेकिन उसका निर्वाह व्यक्तिगत स्तर पर होता है । मुसलमानों और शिया समाज के लोगों ने इसमें सामाजिकता को जोड़ कर इसको सामाजिक आधार प्रदान किया । गुजरात के मुख्यमंत्री नरेन्द्र मोदी ने रमज़ान के महीने में उपवास करने वाले सभी सम्प्रदायों के लोगों को मुबारकवाद कहा और कामना की कि रमजान हमारे जीवन में सुख , समृद्धि और शान्ति लाये । यह ऐसी कामना है जिससे किसी को आपत्ति नहीं करनी चाहिये । कोई अपने पड़ोसी , मित्र अथवा समीपस्थ समाज के लोगों के लिये शुभ कामना प्रकट करता है तो उसका आभार ही प्रकट किया जाता है । फिर मोदी ने तो उपवास के इस पावन पर्व को किसी ख़ास सम्प्रदाय तक सीमित नहीं रखा । उन्होंने तो यह कहा कि इस पावन पर्व से सभी लोगों को सुख शान्ति मिले । यह उनकी सकारात्मक दृष्टि का प्रतीक है । रमज़ान के महीने में उपवास रखने वाले विभिन्न सम्प्रदायों में भी किसी को मोदी की शुभ कामना पर एतराज़ नहीं हुआ ।

 

 लेकिन सोनिया कांग्रेस की तो मानो नींद ही हराम हो गई हो । मानों मोदी ने किसी को गाली दे दी हो । गुजरात कांग्रेस के अध्यक्ष अर्जुन मुढवाडिया तो एक क़दम और आगे गये । उन्होंने कहा कि मोदी वोटों के लिये कुछ भी कर सकते हैं । उनके अनुसार ये लोग एक ओर सच्चर कमेटी की रपटें जलाते हैं और दूसरी ओर रमज़ान की बधाई भी देते हैं । यानि कांग्रेस की नज़र में रमज़ान की बधाई देने का हक़ उसी को है जो सच्चर समिति की सिफ़ारिशों से सहमत हैं , जबकि अब मुसलमानों में से भी अनेक बुद्धिजीवी यह स्वीकार करते हैं कि सच्चर समिति की सिफ़ारिशें इस देश के आम मुसलमान को शेष समाज से काटकर , अपने राजनैतिक हितों की पूर्ति के लिये , सोनिया कांग्रेस द्वारा रचा गया एक षड्यंत्र है । हो सकता है कल सोनिया कांग्रेस का कोई प्रवक्ता , ख़ासकर दिग्विजय सिंह , कहने लगें कि मुसलमानों में से केवल उन्हें ही रमज़ान के रोज़े रखने का अधिकार है , जो कांग्रेस के साथ हैं । जो मुसलमान भाजपा , समाजवादी दल , राष्ट्रीय जनता दल , बहुजन समाज पार्टी , अकाली दल , या साम्यवादी दलों का साथ देते हैं , उन्हें रोज़ा रखने का भी अधिकार नहीं है । पाकिस्तान सरकार से संकेत लेते हुये शिया समाज और अहमदिया समाज के लिये तो रोज़ा रखना मामनू क़रार दे सकती है । दरअसल सोनिया कांग्रेस की , मुसलमानों , शिया समाज , अहमदिया समाज और रमज़ान में रोज़ा रखने वाले अन्य सम्प्रदायों या जनजातियों के प्रति ,यह साम्प्रदायिक नीति भारतीय समाज में अलगाव के बीज बो रही है ।


 इस देश का मुस्लिम समाज जितना सोनिया कांग्रेस के साम्प्रदायिक जाल से बाहर निकलने का प्रयास कर रहा है , सोनिया कांग्रेस उतना ही उन पर शिकंजा कसने का प्रयास करती है । इसका ताज़ा नमूना कुत्ते के पिल्ले वाले प्रसंग में मिला । नरेन्द्र मोदी से किसी न्यूज़ एजेंसी ने इन्ट्रव्यू लिया । प्रश्नकर्ता ने २००२ में गुजरात में हुये दंगों के बारे में प्रश्न किया । मोदी का कहना था कि यदि कुछ ग़लत होता है तो उसका दुख होता ही है । यदि आपकी गाड़ी के नीचे आकर कुत्ते का पिल्ले भी मर जाये , तब भी दुख होता है । यह मुख्यमंत्री होने या न होने से जुड़ा हुआ मामला नहीं है । यह मानवीय संवेदना से जुड़ा मामला है । यदि कहीं कुछ बुरा होता है तो निश्चय ही दुख होता है । मोदी ने कहा दंगों के दौरान जितनी मेरी क्षमता थी , मैंने उसके अनुसार स्थिति नियंत्रित करने का प्रयास किया । यह बयान बहुत सीधा और सपाट है । गुजरात में कुछ ग़लत होता है तो मोदी को दुख होता है और उन्होंने यथाशक्ति स्थिति नियंत्रित करने की कोशिश की थी । सोनिया कांग्रेस मोदी के इस सीधे सपाट बयान को भी अपने सियासी मुफाद के लिये प्रयोग कर रही है । कांग्रेस ने मोदी के दुख को छोड़ दिया और उनके मरे हुये कुत्ते के बच्चे को पकड़ लिया ।कपिल सिब्बल सोनिया गान्धी के असली सिपाही हैं । उन्हें मोदी द्वारा दिये गये इस उदाहरण से बहुत कष्ट हुआ है ।

 

यदि उनके चेहरे को ध्यान से देखें तो यह दर्द उनके चेहरे पर झलकता है । लेकिन यह दर्द एक इंसान का दर्द नहीं है, एक वकील का दर्द है । उनका कहना है कि मुसलमानों की मौत हो गई है और मोदी इन घटनाओं पर अपने दुख को प्रकट करने के लिये कुत्ते के बच्चे का उदाहरण दे रहे हैं । कपिल सिब्बल पेशे से वक़ील हैं । किसी घटना की या फिर किसी बयान की किस प्रकार व्याख्या करनी है , इस कला में वे निष्णात हैं । वक़ील को इस बात की चिन्ता नहीं होती कि सच क्या है और झूठ क्या है , उसे इस बात की चिन्ता भी नहीं होती कि सामने वाला क्या कह कह रहा है या नहीं कह रहा है, उसकी चिन्ता एक ही होती है कि कि इन तमाम बातों की व्याख्या इस प्रकार की जाये , जिससे उसके मुवक्किल को लाभ होता हो । वक़ील के लिये अन्तिम सच्चाई उसका मुवक्किल और उसका लाभ ही होता है । कपिल सिब्बल की इस केस में मुवक्किल सोनिया गान्धी और उसके माध्यम से सोनिया कांग्रेस है । इसलिये कपिल सिब्बल की चिन्ता यह नहीं है कि मोदी ने सचमुच क्या कहा , उनकी चिन्ता यह है कि मोदी के बयान का ऐसा अर्थ निकाला जाये जिससे उसके मुवक्किल को किसी भी तरीक़े से लाभ मिल सके । इसकी संभावना सिब्बल को तब दिखाई देती है , जब किसी तरह कुत्ते के बच्चे के उदाहरण को मुसलमानों से जोड़ दिया जाये , और आजकल वे अपने सभी काम छोड कर इस काम में ही लगे हुये हैं । लेकिन कपिल सिब्बल का एक दुर्भाग्य है । यदि केस किसी न्यायालय में होता , तो शायद वे केस जीत भी जाते । लेकिन यह केस जनता के न्यायालय  में चल रहा है । जनता सिब्बल की व्याख्याओं के पीछे छिपे झूठ को अच्छी तरह पहचानती है । कपिल सिब्बल के झूठ के बहकावे में सोनिया गान्धी आ सकती है और हो सकता है, इस बहकावे  में आकर उन्हें कुछ इनाम इकराम भी दे दे , लेकिन भारत की जनता इस बहकावे में नहीं आ सकती । मोदी के बयान को लेकर की गई अपनी व्याख्या की इस सीमा को सिब्बल भी अच्छी तरह जानते हैं । परन्तु उनका मक़सद भी सोनिया गान्धी को बहकावे में लाकर पार्टी में अपना रुतबा बढ़ाना है , जनता से उनको भी कुछ लेना देना नहीं है ।
                         

परन्तु सोनिया कांग्रेस के इस सारे द्रविड़ प्राणायाम से इतना तो स्पष्ट है कि मोदी को लेकर  सोनिया कांग्रेस में भयंकर अफ़रा तफ़री मच गई है । उसी घबराहट में वह मोदी के रमज़ान मुबारक के सन्देश से लेकर कुत्ते के बच्चे की मौत के उदाहरण तक को अपने गले में लटकाकर मुसलमानों के मुहल्ले में घूम रही है । पीछे पीछे उसकी सेना पंथ निरपेक्षता के बुर्क़े में मुसलमानों को रिझाने के लिये हर तरीक़ा इस्तेमाल कर रही है । लेकिन सोनिया कांग्रेस के कपिल सिब्बलों की सबसे बड़ी समस्या यह है कि मुसलमानों के इस मुहल्ले में मायावती,लालू , नीतिश भी गोल टोपी लगा कर घूमना शुरु हो गये हैं । अब कपिल सिब्बल ने भी सोनिया कांग्रेस की ओर से गले में कुत्ते के मरे बच्चे को लटकाकर घूमना शुरु किया है । कपिल सिब्बल चाहते हैं कि मुसलमान इस में स्वयं को देखें । अब देखना केवल इतना ही है कि मुसलमान कुत्ते के बच्चे के पीछे छिपे कपिल सिब्बल का साम्प्रदायिक चेहरा देख पाते हैं या नहीं ?

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